क्या धर्म ग्रंथों का कोई लाभ है ?

Print Friendly, PDF & Email

ये धार्मिक ग्रन्थ केवल अच्छे व्यक्ति को अच्छा बना सकते हैं, भले व्यक्ति को ही भला बना सकते हैं, प्रेम से भरे हुए व्यक्ति को ही प्रेम सिखा सकते हैं….लेकिन विपरीत मानसिकता के लोगों को सही राह पर नहीं ला सकते | Continue Reading →

380 total views, 3 views today

[read_more id="1" more="Read more" less="Read less"]Read more hidden text[/read_more]
Share this post

दान, सेवा, सहायता व धार्मिकता का ढोंग और विकास की अंधी दौड़

Print Friendly, PDF & Email

आज हर पत्रकार भयभीत है क्योकि वह गुलाम हो चुका है और गुलाम को सच कहने का अधिकार नहीं होता | आज हर नौकरीपेशा अपना मुँह बंद किये अपने बीवी बच्चे पाल रहा है क्योंकि उसे अधिकार नहीं है सच कहने का | यदि उसने सच कहा तो उसकी नौकरी चली जायेगी और फूटपाथ पर पहुँच जाएगा वह सपरिवार | Continue Reading →

450 total views, 3 views today

[read_more id="1" more="Read more" less="Read less"]Read more hidden text[/read_more]
Share this post

इन्साफ ईश्वर करेगा या इंसान करेगा ?

Print Friendly, PDF & Email

आप सभी के आसमानी, ईश्वरीय और धार्मिक ग्रन्थ व संविधान यही कहते हैं कि खुदा/ईश्वर स्वयं न्याय करता है | लेकिन वह न्याय करेगा कयामत के दिन | तब तक तो वह अन्यायी, अत्यचारी का विरोध करने तक की हिम्मत नहीं रखता | ऐसे में स्वाभाविक है कि न्याय के लिए किसी योग्य व्यक्ति को चुना जाना चाहिए Continue Reading →

384 total views, 3 views today

[read_more id="1" more="Read more" less="Read less"]Read more hidden text[/read_more]
Share this post

निराकार की पूजा सही या साकार की ?

Print Friendly, PDF & Email

निराकार उपासक खुद को बहुत ही एडवांस समझते हैं, बहुत ही ऊपर दर्जे वाली प्रजाति समझते हैं | लेकिन ऐसा क्यों समझते हैं, यह मेरी समझ में आज तक नहीं आया | मेरी तो छोड़िये, चुनमुन परदेसी को भी समझ में नहीं आया कभी | Continue Reading →

483 total views, 1 views today

[read_more id="1" more="Read more" less="Read less"]Read more hidden text[/read_more]
Share this post